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प्रवाल पिष्टी लाभकारी उपयोग,लेने का तरीका- praval pishti uses in hindi

प्रवाल पिष्टी नाम तो आपने जरुर सुना होगा इसका नाम जितना अलग है इसके फायदे भी काफी अलग और बेहतरीन है, प्राय डाक्टरो द्वारा इसका प्रयोग कैल्शियम की कमी होने पर दी जाती है।

इसका पिष्टी को समुद्र मे पाये जाने वाले पौधे जिसे कोरल या मुॅगा बोलते है उसके चुर्ण से बनाया जाता है।, इसमे प्राकृतिक रुप से कैल्शियम से भरपुर होता है।

मार्केट मे कई सारे ब्राण्ड और कम्पनी मे यह उपलब्ध है यह आर्टिकल praval pishti uses in hindi, प्रवाल पिष्टी के बारे मे सम्पुर्ण जानकारी बताई गई, है अगर आपको इसका सेवन करने जा रहे है तो इस आर्टिेकल को पढ़े जोकि आपको प्रवाल पिष्टी से जुडी सारी जानकारी प्राप्त कर सके।

प्रवाल पिष्ट क्या है ?

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प्रवाल पिष्टी डाक्टरो द्वारा सुझाया जाने वाला एक आयुर्वेदिक औषधि है जोकि शरीर मे हडडियो, दातो, मे कैल्शियम की कमी से होने वाले रोगो को उपचार मे किया जाता है।

यह समुद्र मे पाई जाने वाला जीव मुॅगा जिसे कोरल भी बोलते है उससे बनाई जाती है। इस रंग प्राय गुलाब रंग का होता पाउडर के रुप मे होता है। इसमे गुलाब का अरक भी मिलाया जाता है। प्रवाह पिष्टी कैल्शियम का अच्छा स्त्रोत होता है।

प्रवाल पिष्टी के फायदे | praval pishti uses in hindi

हडिडयो और दातो को मजबुती मे सहायक

प्रवाल पिष्टी मे अधिक मात्रा मे कैल्शियम होता है जोकि हमारी हड्डियोंो और दांतो मे खो रहे कैल्शियम को रोकता है और हडडियो और दातो को मजबुत बनाने मे मदद करता है।

दिल की बिमारी मे सहायक

प्रवाह पिष्टी का उपयोग दिल की बिमारी से बचने के लिए किया जाता है इसमे मौजुद कैल्शियम की मात्रा शरीर मे रक्त चाप का स्तर कम करता है और कलेस्ट्रोल लेवल को भी कम करता है। जिसके कारण हमारा दिल लम्बे समय तक स्वस्थ्य रहता है।

पेट सम्बन्धित समस्याओ से आराम मे


प्रवाह पिष्टी का प्रयोग पेट मे होने वाली विभिन्न प्रकार की समस्याओ को दुर करने के लिए किया जाता है। यह इसमे मौजुद कैल्शियम पेट मे अल्मीयता को कम करता है। जिसके कारण हमे अधिक अम्ल से होने वाली विभिन्न प्रकार की समस्या नही होती है।


त्वचा को स्वस्थ्य रखने मे सहायक


प्रवाल पिष्टी का प्रयोग शरीर मे कैल्शियम की मात्रा को बैलेन्स करता है। जिससे त्वचा स्वस्थ्य और चमकददर बनती है। इसका प्रयोग त्वचा पर एक्जिमा और पित्तीय जैसे रोगो से लडने और उपचार मे काफी मददगार साबित होता है। इसके अलावा यह शरीर मे मृत त्वचा को हटा कर नई त्वचा लाने मे मदद करता है।


कैन्सर के खतरे को कम करता है


प्रवाल पिष्टी शरीर के बाहरी त्वचा की परत एपिडर्मिस मे कैल्शियम की मात्रा बनाये रखता है, जिसके कारण सुरज की हानिकारक किरणो से सुरक्षित रखने मे मदद करता है। जिससे त्वचा कैन्सर से बचाव होता है।

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प्रवाल पिष्टी खुराक, प्रवाल पिष्टी लेने का तरीका

प्रवाल पिष्टी का प्रयोग विभिन्न उम्र के लोगो के लिए भिन्न भिन्न प्रकार से होता है-

बुजुर्गो के लिएउम्र – 40 से 80 वर्ष
खुराक – 125-250मिलीग्राम, दिन मे 1-2 बार
सेवन विधि – भोजन के बाद दुध, शहद और पानी के साथ
जवान के लिएउम्र – 18 से 40 वर्ष
खुराक – 250-500मिलीग्राम, दिन मे 1-2 बार
सेवन विधि – भोजन के बाद दुध, शहद और पानी के साथ
बच्चेउम्र – 2 से 17 वर्ष
खुराक – 50-125मिलीग्राम, दिन मे 1-2 बार
सेवन विधि – भोजन के बाद दुध, शहद और पानी के साथ
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प्रवाल पिष्टी का मुल्य


प्रवाल पिष्टी के दाम की बात करे तो ये कई सारी बा्रडस और मात्रा मे उपलब्ध है इसकी कीमते ब्राण्ड की नाम, गुणवत्ता, मात्रा पर के कारण भिन्न हो सकते है –


डाबर
मात्रा – 10 ग्राम
मुल्य – 300 से 500
पतन्जलीमात्रा 10 ग्राम
मुल्य 250 से 400
बै़द्वनाथमात्रा 5 ग्राम
कीमत 200 से 500 रुपये
झण्डु मात्रा 5 ग्राम
कीमत 150 से 200 रुपये
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प्रवाल पिष्टी के नुकसान,दुस्प्रभाव,हानि

प्रवाल पिष्टी के अनेको फायदो के साथ साथ बहुत सारी कई प्रकार के दुस्प्रभाव भी देखने को मिलते है जोकि निम्नलिखित है-

किडनी मे स्टोन की समस्या

कैल्शियम की अधिक मात्रा के कारण किडनी मे स्टोन का खतरा बढ़ जाता है। जोकि बेहद गम्भीर बिमारी है।
पाचन सम्बन्धित समस्याऐ- प्रवाल पिष्टी के प्रयोग से ऐसीडिटी, कब्ज और गैस जैसी समस्या देखने को मिलती है।

हाईपर कैल्शियम

प्रवाल पिष्टी की अधिक मात्रा लेने से रक्त मे कैल्शियम की मात्रा पढ़ जाती है जिसके कारण शरीर हाईपरकैल्शियम की स्टेज पर पहुच जाता है जहा पर उल्टी दर्द, कमजोरी और थकान महसुस होती है।

एलर्जी

प्रवाह पिष्टी के प्रयोग से शरीर मे विभिन्न प्रकार के एलर्जी देखने को मिल सकती है जैसे खुजली, जलन और दर्द आदि

प्रवाल पिष्टी की तासीर

कैल्शियम से भरपुर प्रवाल पिष्टी की तासीर ठण्डी होती है।

FAQ

प्रवाल पिष्टी हडिडयो को मजबूत करने, कैल्शियम की कमी को खत्म करने, ब्लड प्रेशर को नियन्त्रित रखने,हार्माेन्स सन्तुलन को बनाये रखने मे, और सुधारने मे मदद करता है।

प्रवाल पिष्टी का प्रयोग दिन मे 1 से 2 बार 125 से 250 मिलीग्राम की मात्रा मे लेना सही होता है। प्रवाह पिष्टी का प्रयोग शहद, दुध और घी के साथ मिलाकर सेवन करना उचित होता है इसका प्रयोग भोजन के बाद करना उचित होता है। ताकि पाचन क्रिया मे सहायता मिले

प्रवाल पिष्टी का निर्माण प्रवाल जोकि एक समुद्री जीव से होता है। जिसमे कैल्शियम की मात्रा अधिक होती है इसको पीस कर प्रवाल पिष्टी का निर्माण किया जाता है हालाकि इसमे अलग से रंग के लिए गुलाब का अरक भी मिलाया जाता है।

निष्कर्ष

आज हमने प्रवाल पिष्टी praval pishti uses in hindi के बारे म जाना जिसका प्रमुख कार्य शरीर मे कैल्शियम की कमी को दुर करके हमारी हडडियो और दांतो के सेहत को सही करना होता है।

यह प्राकृतिक कैल्शियम का बहुत अच्छा स्त्रोत है। यह शरीर मे बेहद फायदेमन्द साबित होता हैै अगर इसका प्रयोग सही से किया जाये आपको यह आर्टिकल कैसा लगा हमे ं कमेन्ट करके जरुर बताये और हमारे लिए कोई सुझाव हो तो हमशे जरुर करें ।

Disclaimer

इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी भी दवा या उपाय को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें

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दर्द और सुजन मे कैशोर गुग्गुल के फायदे, kaishore guggulu benefits in hindi

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कैशोर गुग्गुलू पुराने समय से चली आ रही एक आयुर्वेदिक औषधि है जोकि हमारे शरीर के विभिन्न प्रकार के रोगो के ईलाज में काफी कारगर साबित होती है। इसमे प्रमुख मात्रा मे गुग्गुल होता है, यह एक प्रकार का चिपचिपा, पेड से निकलना वाला पदार्थ होता है।

यह प्रमुखता जोड़ो के दर्द,त्वचा सम्बन्धित विकार और पेट की समस्या मे किया जाता है। इस आर्टिकल मे कैशोर गुग्गुलू के बारे मे सम्पुर्ण जानकारी(kaishore guggulu benefits in hindi) दी गई |

जोकि अगर आप इसका इस्तेमाल करने वाले है। तो इसको जरुर पढ़े जोकि आपको काफी लाभ पहुचाऐगी, इसका पढ़कर अभी तक 50 से ज्यादा लोगो ने लाभ उठाया है।

कैशोर गुग्गुलु मे मौजुद तत्व

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कैशोर गुग्गुलु आयुर्वेदिक के बेहद पुरानी और असरदारक औषधि है। इसमे विभिन्न प्रकार की जड़ी बुटीया मिली होती है। जोकि निम्न प्रकार है।

  • गुग्गुल – शरीर मे मौजुद विषैले प्रदार्थ को निकालने और शरीर मे सुजन को कम करने मे मदद करता है।
  • निशोध – पेट की स्वस्थ्य रखने मे और लिवर को मजबुत करने मे सहायक है।
  • त्रिफला – पाचन तंत्र के लिए बेहद लाभकारी और शरीर को अन्दर से साफ करने मे मदद करता है।
  • मजिष्ठा – यह खुन बनाने व शु़द्ध करने मे सहायक होता है।
  • गिलोय – शरीर को इम्युनिटी को बढ़ाता है। और जल्दी बिमार होने से बचाता है।
  • अमृता – रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाती है। और रक्त को साफ करने मे मदद करती है।
  • शुण्ठी – पाचन की तन्त्र को मजबुत करता है। और सूजन को कम करता है।
  • मरिच – शरीर को अन्दर से साफ करता है। और रक्त प्रवाह को सही करता है।
  • पिप्पली – पाचन को सुधारता है। और रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने मे मदद करता है।
  • विंदग – यह पेट मे बैक्टीरिया और किड़ो को नष्ट करने मे सहायक होता है इसके अलावा पाचन तन्त्र को भी मजबुत करता है।
  • दंती – यह लिवर और पित्ताशय को स्वस्थ्य रखने मे मदद करता है।
  • त्रिकटू – यह पाचन तन्त्र के लिए बेहद फायदेमन्द है, इसमे पिप्पली, काली मिर्च, अदरक का मिश्रण होता है।

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कैशोर गुग्गुलु एक आयुर्वेदिक औषधि है जिसके अनगिनत फायदे है लेकिन kaishore guggulu benefits in hindi बात करे तो ये निम्नलिखित र्है-

गठिया और जोडो के दर्द मे फायदा

कैशोर गुग्गुल कई सारी आयुर्वेदिक औषधि से मिलकर बना है जिसके कारण यह हमारे शरीर मे गठिया और जोडो के दर्द मे होने वाले असहनीय दर्द और गठिया और जोड़ो मे सुजन मे बेहद आराम पहुचाता है।

इसका इस्तेमाल लम्बे समय से हो रहे गठिया और जोड़ो के दर्द मे बेहद आराम पहुचाता है।

पाचन तन्त्र मे दुरुस्त रखने मे सहाय

कैशारे गुग्गुन का नियमित इस्तेमाल पेट के लिए बेहद लाभकारी है इसमे विभिन्न प्रकार की औषधियॉ जैसे – निशोध,त्रिफला,शुष्ठी,प्पिपली आदि पेट को स्वस्थ्य रखने एंव पाचन त़न्त्र को दुरुस्त करने मे भी मदद करते है

इसके अलावा यह लिवर की कार्यक्षमता को बढ़ाता है जिससे लिवर अच्छे से काम करता है और हमारा पाचन तन्त्र दुरुस्त रहता है।

खुन को शुद्ध करने और नया खुन बनाने मे मदद

कैशोर गुग्गुल का प्रयोग शरीर मे अशु़द्ध खुन को साफ करके नया खुन बनाने मे मदद करता है। जिसके कारण हमारे शरीर को तेजी से विकास होता हेै । और शरीर मजबुत और बलवान बनाता है।

रोग प्रतिरोध क्षमता को बढ़़ता है

कैशोर गुग्गुल का प्रयोग शरीर मे रोगप्रतिरोध क्षमता को बढ़ाने मे मदद करता हेै। इसमे मौजुद गिलोय,अमृता शरीर के रोगप्रतिरोध क्षमता को बढ़़ाने का काम करते है। जिसके कारण हम जल्दी बिमार नही पड़ते है।

पेट के कीड़ो को खत्म करता है

अक्सर गलत खान पान के कारण पेट की कीड़े पड़ जाते है जिसके जी मचलाना और उल्टी जैसी शिकायत का सामना करना पडता है। इसके लिए कैशोर गुग्गुल का प्रयोग काफी कारगर साबित होता है।

इसमे विदग पेट की बैक्टीरिया और कीडो को खत्म करने मे मदद करता है। इसके अलावा इसमे मौजुद गिलोय, त्रिफला पेट को स्वस्थ्य रखने मे मदद करता है।

डायबटीज के ईलाज मे

कैशोर गुग्गुल का प्रयोग शरीर मे डायबटीज को कम करने मे सहायक होता है। इसमे मौजुद विभिन्न प्रकार के प्राकृतिक तत्व शरीर मे इन्सुलिन को प्राकृतिक तरीके से बढ़ाता है। मधुमेह धीरे धीरे कम हो जाता है।

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कैशोर गुग्गुल सेवन विधि

कैशोर गुग्गुल का इस्तेमाल करना बेहद आसान है यह इसके सेवन और मात्रा मरीज की उम्र चिकित्सक के दिशा निर्देश और उम्र पर निर्भर करती है

खुराक

व्यस्क – 1.-2 गोलियॉ, दिन मे दो बार
बच्चो – डाक्टर के सलाह के अनुसार

उपयोग का समय


भोजन करने के तुरन्त बाद सेवन करना चाहिए
इसका उपयोग गर्म दुध या पानी के साथ कर सकते है।

समय अवधि


कैशोर गुग्गुल बेहद असरदारक औषधि है इसका प्रयोग 3-8 महीने नियमित रुप से करना चाहिए, इसका उपयोग डाक्टरी सलाह से करना उचित होता है।

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कैशोर गुग्गुल दाम

मात्रामुल्य
80 tablets pack of 2230

कैशोर गुग्गुल के नुकसान (kaishore guggulu side effects)

कैशोर गुग्गुल के कई सारे फायदें के अलावा कुछ दुस्प्रभाव भी देखने को मिल सकते है जोकि निम्नलिखित है-


उल्टी दस्त होना

कैशोर गुग्गुल का गलत प्रयोग या अधिक प्रयोग से उल्टी और दस्त जैसी समस्या देखने को मिलती सकती है।


जलन और खुजली होना

कैशोर गुग्गुल के प्रयोग से जलन और खुजली जैसी समस्या देखने को मिल सकती है


र्प्रेग्नेसी के दौरान उपयोग

गर्भधारण के दौरान इसके प्रयोग से बचाना चाहिए, वरना यह गम्भीर परिमाण दे सकता है।

गम्भीर बिमार से ग्रसित रोगी ना करे प्रयोग

कैशोर गुग्गुल का प्रयोग गम्भीर बिमारी से ग्रसित रोगी ना करे वरना गम्भीर परिमाण देखने को मिल सकते है।


लीवर और पेट मे असर

लम्बे समय तक कैशोर गुग्गुल का प्रयोग लीवर और पेट पर असर डालते है, जिससे पेट और लीवर की कार्यक्षमता पर प्रभाव पड़ सकता है।

कैशोर गुग्गुल से जुडी सावधानिया

  • कैशोर गुग्गुल का प्रयोग हमेशा डाक्टरी सलाह से करना सही होता है।
  • कैशांर गुग्गुल का प्रयोग गर्भवती और स्तपान वाली महिलाऐ इसका सेवन डाक्टरी सलाह से करे।
  • कैशोर गुग्गुल के प्रयोग से एलर्जी होने पर इसका प्रयोग तुरन्त बन्द कर दे
  • उच्च रक्त चाप और डायबटीज टाईप 2 के मरीजो को इसके सेवन करने से बचना चाहिए
  • इसके अधिक प्रयोग बचे, अधिक खुराक लेने पर अगली खुराक ना ले

FAQ

कैशोर गुग्गुल एक बेहतरीन आयुर्वेदिक गुण से भरपुर औषधि है, इसमे विभिन्न प्रकार के रोगो के ईलाज मे किया जाता है। इसमे प्रमुख मात्रा मे गुग्गुल होता है, यह एक प्रकार का चिपचिपा, पेड से निकलना वाला पदार्थ होता है। इसके साथ साथ इसमे कई प्रकार की जड़ी बुटीयॉ का मिश्रण होता है। इसका प्रयोग प्रमुख रुप से गठिया और जोडो के ईलाज मे, पाचन तन्त्र को सही रखने मे, रोप्रतिरोधम क्षमता को बढ़ाने मे किया जाता है।

कैशोर गुग्गुल एक आयुर्वेदिक औषधि है जिसका नियमित प्रयोग शरीर मे जोडो और गठिया के दर्द से आराम दिलाता है इसमे मौजुद विभिन्न प्रकार की औषधियॉ शरीर की रोगप्रतिरोधक क्षमता को बढाने, पाचन को ठीक करने, रक्त को शु़द्ध करने, का काम करता है।

कैशोर गुग्गुल का सेवन डाक्टरी सलाह से 3 से 6 महीने तक कर सकते है।

कैशोर गुग्गुल का सेवन भोजन के बाद 2 टैबलेट दुध या पानी के साथ ले सकते है इसका प्रयोग दिन मे 2 बार करना सही होता है।

निष्कर्ष

आज इस आर्टिकल मे कैशोर गुग्गुल के फायदे, kaishore guggulu benefits in hindi हमने के बारे मे सम्पुर्ण जानकारी दी है यह आर्टिकल आपको कैसा लगा हमें कमेन्ट करके जरुर बताये हमारे लिए कोई सुझाव हो तो हमशे जरुर शेयर करे धन्यवाद

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जापानी तेल के 5 फायदे | जापानी तेल लगाने का तरीका,लाभ,नुकसान

जापानी तेल जोकि वर्तमान समय मे कामोत्तेजक और शक्ति बढ़ाने के के लिए प्रयोग किया जाता है। इसमे मौजुद विभिन्न प्रकार की जड़ी बुटीयॉ और कई तत्व हमारे कम इच्छा मे कमी, कम बेडटाइम, जनांग का डिलापन जैसी समस्या को खत्म करने मे सहायक होते है।

इसका नियमित इस्तेमाल आपके यौन समस्या को बेहतर बनाने मे मदद करता है। लेकिन जापानी तेल के फायदे और लगाने का तरीका क्या है, जापानी तेल के फायदे बताओ इसके बारे मे इस आर्टिकल मे गम्भीर रुप से बताया गया है। जिसको पढ़ कर 30 से ज्यादा लोगो ने यह लाभ उठाया है।

जापानी तेल के फायदे और लगाने का तरीका

जापानी तेल के फायदे और लगाने का तरीका
जापानी तेल के फायदे और लगाने का तरीका

जापानी तेल पुरुषो के लिए बेहद लाभकारी तेल है इसका प्रयोग से विभिन्न फायदे ह। जोकि निम्नलिखित है-

यौन शक्ति बढ़ाने मे

जापानी तेल का प्रयोग पुरुषो मे यौन शक्ति को बढ़ाने मे मदद करता है। अक्सर बचपन की गलतियो एवं उम्र के साथ सेक्स इच्छा मे कमी आती है। लेकिन जापानी तेल का इसमे मौजुद विभिन्न प्रकार की जड़ी बुटीया शरीर मे यौन शाक्ति की कमी को सही करता है जिसके कारण हमारे शरीर मे कामइच्छा जाग्रत होती है।

डिलापन को खत्म करता है

बचपन मे हस्तमैथुन अधिक करने से लिंग मे डिलापन की समस्या आ जाती है। इसको डाक्टरो द्वारा इरेक्टाइल डिसफंक्शन (डीलापन) बोला जाता है।

जापानी तेल का प्रयोग लिंग मे डिलापन को खत्म करता है इसमे मौजुद केसर, लोैन्ग, तिल का तेल जैसे आयुर्वेदिक तत्व मौजुद होते है जोकि जनांग की नसो मे नई जान डालते है जिसके कारण डिलापन से हमे छुटकारा प्राप्त होता है।

शीर्घपतन से छुटकारा दिलाता है

जापानी तेल का प्रयोग शरीर मे प्रीमेच्योर इजेकुलेश (शिग्र्पतन) का छुटकारा दिलाता है। इसमे मौजुद विभिन्न तरह की जड़ी बुटीया शरीर मे हार्माेन्ल सन्तुलन का सही करते है और मानसिक तनाव को कम करते है

जिसके कारण शीर्घपतन की समस्या खत्म हो जाती है। जिस वजह से आप शरीरिक सम्बन्धो का पुरी तरीके से आनन्द उठा पाते है और अपने पार्टनर को सन्तुष्ट कर पाते है।

नसो मे रक्त सन्चार को बढाता है

जापानी तेल का व प्रयोग नसो मे रक्त सन्चारता को बढ़ाता है जिसके कारण जनांग मे कमजोरी इरेक्टाइल डिसफंक्शन (डीलापन) जैसी समस्या दुर होती है अक्सर गलत आदतो के कारण हमारे जनांग की नसो मे प्रर्याप्त मात्रा मे रक्त नही पहुच पाता है।

जिसके कारण हमे इरेक्टाइल डिसफंक्शन (डीलापन) और यौनरोग जैसी समस्याओ का सामना करना पडता है। जिसमे जपानी तेल बेहद उपयोगी है।

उर्जा और स्टेमिन को बढ़ाने मे

जापानी तेल का प्रयोग शरीर मे उर्जा और स्टेमिन को बढ़ाने मे सहायक है इसमे विभिन्न प्रकार के जड़ी बुटीया और प्राकृतिक तत्व मौजुद जोकि शरीर मे उर्जा और स्टेमिन को दुरुस्त करता है।

जिसके कारा पुरे दिन हम उर्जावान महसुस करते है। इसके अलावा एक अच्छा स्टेमिन हमारे पार्टनर को सन्तुस्ट करने मे सहायक होता है।

मुड को अच्छा करने मे सहायक

जापानी तेल का प्रयोग हमारे मुड पर बेहतर प्रभाव डालता है। इसमे मौजुद विभिन्न प्रकार की औषधिया जैसे अकरकरा, जैतुन का तेल हमारे तनाव को कम करता है। और मुड को बेहतर बनाने मे मदद करता है। जिसके कारण हमारे काम मे हम ज्यादा मन लगाके के करते है। और हमारे रिश्तो मे भी सुधार होता है।

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जापानी तेल की कीमत

दामवजन
14915 ml
जापानी तेल के फायदे और लगाने का तरीका

जापानी तेल के लगाने का तरीका

जापानी तेल लगाने के लिए निम्नलिखित स्टेप फोलो करे-


स्टेप 1

पैच टेस्ट का सहारा ले, सबसे पहले जापानी तेल की 1से 2 बुन्दे लेकर अपने शरीर के सवेदशील हिस्से जैसे गर्दन के पीछे, जनांग के उपर लगा कर देके की कही जलन या खुजली तो नही हो रही है।


स्टेप 2

लिंग को अच्छी तरीके से धोले और एक साफ कपडे से पोछ ले |


स्टेप 3

जापानी तेल के 3 से 4 बुन्द लेकर जनांग के नीचे वाले भाग मे लगाये और चार से पाच मिनट के लिए छोड दे |


स्टेप 4

पुरी रात तेल को ऐसा ही रहने दे, उसके बाद सुबह धोले |

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जापानी तेल के मे मौजुदा तत्व

जापानी तेल मे निम्नलिखित जड़ी बुटीया पाई जाती है-

अकरकरायौन शक्ति बढ़ाने मे,पुरुषो मे प्रजनन क्षमता के विकास मे, स्टेमिना बढ़ाने मे, चिंन्ता से राहत
जैतुन का तेलहार्माेन्ल सन्तुलन बढाने मे , तनाव को कम करने मे, रक्त सन्चार सुचारु रुप से बनाऐ रखने मे
लौन्गकाम इच्छा बढ़ाने मे, एन्टीबैक्टीरियल गुण, तनाव और चिन्ता को कम करने मे
तिल का तेलउर्जा और स्टेमिन को बढ़ाने मे, त्वचा और मासपेशियो को बढ़ाने मे
केसरयौन प्रदर्शन मे सुधार करने मे , मूड सही करने मे , ऐन्टीआक्सीडेन्ट गुण, नसो मे रक्त का सन्चारण बढ़ाता है।
जापानी तेल के फायदे और लगाने का तरीका

जापानी तेल कितने दिन में असर करता है

जापानी तेल का नियमित इस्तेमाल करने मे 2 से 3 दिन मे रिजल्ट देखने को मिलते है। इसके रिजल्ट व्यक्ति की बिमारी की स्थिति और दवा के उपयोग पर निर्भर करती है आमुमन 1 हफते मे इसके रिजल्ट आ जाते है।

जापानी तेल के नुकसान

जापानी तेल ऐसे तो पुरी तरीके से आयुर्वेदिक है लेकिन इसके निम्नलिखित नुकसान देखने को मिल सकते है –

खुजली होना

जापानी तेल लगाने से खुजली की समस्या हो सकती है ऐसी स्थिति मे होने पर तुरन्त पानी से लगाई गई जगह को धोले ।

त्वचा मे जलन

जापानी तेल का प्रयोग करने वाले कुछ लोगो मे जलन और लालिमा देखी गई

एलर्जी होना

कभी कभी जापानी तेल त्वचा पर नकारत्मक प्रभाव देता है जिसके कारण सुजन, लालिमा और अन्य प्रकार की एलर्जी प्रक्रिया देखने को मिल सकती है।


लिंग मे प्राकृतिक तनाव मे कमी


जापानी तेल अधिक उपयोग प्राकृतिक रुप जनांग के तनाव मे अनियन्त्रित कर देता है जोकि काफी नुकसानदायक है।

जापानी तेल जुड़ी सावधानिया

  • आंखो और सवेदनशील जगह पर लगाने से बचे ।
  • बच्चो की पहुच से दुर रखे।
  • गर्भवती महिलाओ इसके सेवन से बचे ।
  • डाक्टरी सलाह के बिना इसका प्रयोग ना करे।
  • घावो और चोटो की जगह पर इसका प्रयोग से बचे ।
  • लेने से पहलें इसकी शुद्धता और गुणवत्ता पर ध्यान दे।

FAQ

जापानी तेल प्राय विभिन्न प्रकार की प्रीमेच्योर इजेकुलेश (शिग्र्पतन) ,रिलेक्टाईल डिस्फन्शन, जैसी समस्यो को दुर करने के लिए किया जाता है। सेक्स समस्याओ के अलावा इसका प्रयोग मुड को सही करने, तनाव का कम करने मे लिए भी किया जाता है। इसमे र्वििभन्न तरह की जड़ी बुटीया जैसे अकरकरा,जैतुन का तेल,लौन्ग,तिल का तेल मौजुद होती है

जापानी तेल का प्रयोग मानसिक और शारीरिक रुप से बेहद लाभदायक है इसके इस्तेमाल से निम्नलिखित फायदे है। जैसे काम इच्छा मे बढावा, हार्मान्स सन्तुलन मे सहायक, जनांग के डिलापन को सही करने मे,शीर्घपतन की समस्या को खत्म करने मे

जापानी तेल का आमातौर पर आस पास के मेडिकल स्टोर और किराना स्टोर, आनालाईन रिटेल साइटस पर उपलब्ध है।

निष्कर्ष

हैलो दोस्तो इस आर्टिकल मे हमने जापानी तेल के फायदे और लगाने का तरीका के बारे मे जानकारी दी है जापानी तेल एक बेहद बेहतरीन सेक्स इच्छा को बढ़ाने के लिए और तनाव को दुर करने के लिए किया जाता है यह आर्टिकल कैसा लगा हमे कमेन्ट करके बताये और हमारे लिए कोई सुझाव हो तो हमशे जरुर शेयर करे। धन्यवाद

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श्री गोपाल तेल लगाने का तरीका,लाभ,उपयोग,सम्पुर्ण जानकारी

श्री गोपाल तेल का नाम तो हम सभी ने कभी ना कभी सुना होगा, यह एक आयुर्वेदिक औषधि है जिसका प्रयोग योंन समस्या जैसे प्रीमेच्योर इजेकुलेशन, इरेक्टाइल डिसफंक्शन,बाझपन, होना जैसी समस्या के निवारण मे बेहद कारगर साबित होता है। यह मार्केट मे विभिन्न ब्राण्ड मे उपलब्ध है

इसमे विभिन्न प्रकार की जड़ी बुटीया जैसे अश्वगन्धा, सफेद मुसली, शतावरी, जैसे अन्य प्राकृतिक तत्व के मिश्रण से बनी है। श्री गोपाल तेल लगाने का तरीका, इसके लाभ क्या है

और यह कितने दिन मे असर करता है इन सभी जानकारी इस आर्टिकल मे दी गई है। जिसे पढ़ कर 50 से ज्यादा लोगो ने इसका लाभ उठाया है।

श्री गोपाल तेल के बारे मे जानकारी

श्री गोपाल तेल लगाने का तरीका
श्री गोपाल तेल लगाने का तरीका
नामश्री गोपाल तेल
कार्ययौन रोगो के निवारण मे, तनाव को कम करने मे
लगाने का तरीकात्वचा के उपर
मुल्य288
मौजुदा तत्वअश्वगंधारू, सफेद मूसली, जायफल, लौंग का तेल तिल का तेल
श्री गोपाल तेल लगाने का तरीका

श्री गोपाल तेल लगाने का तरीका

श्री गोपाल तेल का उपयोग सही से करना बेहद आवश्यक है इसके उपयोग के लिए निम्नलिखित स्टेप फोालो करे ।

साफ सफाई

तेल लगाने पहले जनांग को अच्छी तरीके से साफ करे ले, इसको साबुन या पानी की मदद से साफ करके सुखा ले


तेल का मात्रा

श्री गोपाल तेल की लिंग के अनुसार 4 से 5 बुन्दे ले, जोकि आवश्कता अनुसार बुन्दे कम या ज्यादा ले सकते है।


मालिश

तेल की बुन्दे हाथ मे लेकर लिंग मे धीरे धीरे मालिश करे। मालिश करते समय कुछ बाता को ध्यान रखे जैसे
मालिश करते समय हाथो को नरम रखे,

ज्यादा दबाव ना डाले तेल को अच्छी तरीके से पुरे जनंग पर फैलाऐ ।
तेल को पुरी तरीके से नीचे से उपर तक अच्छी तरीके से लगाये


समय

4 से 5 मिनट अच्छी तरीके से मसाज करे

प्रयोग

श्री गोपाल तेल का प्रयोग दिन 2 बार सुबह और रात्रि मे करना सही होता है जोकि अच्छे रिजल्ट देता है।

धैर्य

गोपाल तेल का असर 1 से 2 हफते लगते है इसलिए इसका प्रयोग लगातार और नियमित रुप से करे ।

श्री गोपाल तेल के फायदे

श्री गोपाल तेल एक आयुर्वेदिक तेल है जिसके फायदे निम्नलिखित है –

शुक्राणुओ की सख्या को बढ़ाने मे

श्री गोपाल तेल का प्रयोग पुरुषो मे शुक्राणुओ की संख्या को बढ़ाने मे मदद करता है। वर्तमान मे गलत खान पान और नियमित रुप से योग और व्ययाम ना करने से हमे ये समस्याऐ पैदा हो जाती है।

जोकि पुरुषो मे नपुन्सकता को जन्म देती है। इस स्थिति मे श्री गोपाल तेल का प्रयोग बेहद प्रभावी है। इसमे विभिन्न प्रकार की औषधि जैसे सफेद मुसली,लौन्ग का तेल, अश्वगन्धा जैसे तत्व मौजुद होते है जोकि स्पर्मकाउण्ट को बढ़ाने मे मदद करते है।

हार्माेन्ल सन्तुलन बनाये रखने मे

श्री गोपाल तेल का प्रयोग हमारे हर्माेन्ल सन्तुलन को बनाये रखने मे मदद करता है। हर्मोन्ल को सन्तुलित होना हमारे टेस्टोस्टरोन लेवल को बढ़ाता है,मुड का अच्छा करता है।

और सेक्स इच्छा को भी शरीर मे तीव्र करता है। जिसके कारण शरीर लम्बे समय तक स्वस्थ्य और दुरुस्त रहता है। इसकी कमी से शरीर मे प्रीमेच्योर इजेकुलेशन (शीघ्रपतन), इरेक्टाइल डिसफंक्शन(ढीलापन) के अलावा मानसिक तनाव जैसी समस्या देखने को मिलती है।

थकान और कमजोरी दुर करने मे

श्री गोपाल तेल एक प्रकार का एनर्जी बुस्टर होता है जोकि हमारे शरीर मे थकान और कमजोरी को दुर करता है। इसमे मौजुद जड़ी बुटीया जैसे अश्वगन्धा,शतावरी,सफेद मुसली जैसे तत्व हमारे शरीर मे तनाव को कम करते है

और शरीर मे एनर्जी को बढ़ाते है जिसके कारण शरीर मे थकान और कमजोरी का नाश होता है।

प्रीमेच्योर इजेकुलेशन, इरेक्टाइल डिसफंक्शन के ईलाज मे

श्री गोपाल तेल का प्रयोग सेक्स समस्या जैसे प्रीमेच्योर इजेकुलेशन (शीघ्रपतन), इरेक्टाइल डिसफंक्शन(ढीलापन) के ईलाज मे किया जाता है। इसमे मौजुद विभिन्न प्रकार की जड़ी बुटीया जोकि शरीर मे बचपन की गलतियो के कारण होने वाली कमजोरी और योंन समस्याए समस्याओ के ईलाज मे बेहद महत्वपुर्ण है।

श्री गोपाल तेल का नियमित इस्तेमाल प्रीमेच्योर इजेकुलेशन (शीघ्रपतन), इरेक्टाइल डिसफंक्शन(ढीलापन) कामइच्छा कम होने जैसे समस्याओ के निवारण मे बेहद कारगर साबित होता है।

इम्युनिटी सिस्टम मजबुत करने मे

श्री गोपाल तेल का नियमित इस्तेमाल हमारे हमारे शरीर की रोगप्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने मे मदद करता है इसम मौजुद विभिन्न प्रकार की पोषक तत्व शरीर मे तनाव को कम करते है

रक्त सन्चार मे सुधार करते है, थकान और कमजोरी का नाश करते है जिसके कारण हमारे शरीर का विकास होता है और रोग प्रतिरोधक क्षमता भी बढती है।

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ताजगी और उर्जा का स्तर बढ़ाता है

श्री गोपाल तेल का उपयोग शरीर मे उर्जा और ताजगी का स्तर बढाता है इसमे पाये जाने वाली जड़ी बुटीया जैसे अश्वगन्धा और शतावरी जोकि हमारे शरीर मे कमजोरी और थकान को दुर करती है

इसकेे साथ साथ शरीर मे तनाव की भी कमी लाती है जिसके कारण शरीर उर्जावान और तरोतजा बना रहता है।

श्री गोपाल तेल मौजुदा तत्व

सफेद मूसलीशुक्राणुओ की सख्या को बढ़ाने मे
हार्माेन्ल सन्तुलन बनाये रखने मे
तनाव और चिन्ता का कम करने मे
प्रीमेच्योर इजेकुलेशन (शीघ्रपतन), इरेक्टाइल डिसफंक्शन(ढीलापन) के ईलाज मे
जायफलयौन इच्छा मे वृद्धि करने मे
उत्तेजना को बढ़ाने मे
रक्त सचार मे सुधार करने मे
थकान और कमजोरी दुर करने मे
लौंग का तेलप्रीमेच्योर इजेकुलेशन (शीघ्रपतन) से छुटकारा
यौन दुर्बलता को दुर करने मे
उत्तेजन में वृद्धि
तिल का तेलउत्तेजना बढ़ाने मे
यौन सम्बन्धो के सही करने मे
शीघ्रपतन को ठीक करने मे
यौन कमजोरी को खत्म करने मे
अश्वगन्धाटाईमिग बढ़ाने मे
तनाव और चिन्ता को दुर करने मे
उत्तेजना बढ़ाने मे
स्पर्म क्वालिटी बढाने मे
चन्दननैचुरल खुश्बु और चमक के लिए
तनाव और अनिद्रा की कमी को दुर करता है।
ताजगी प्रदान करने मे
शतावरीइम्युनिटी सिस्टम मजबुत करने मे
ताजगी और उर्जा का स्तर बढ़ाता है
यौन दुर्बलता को दुर करने मे
श्री गोपाल तेल लगाने का तरीका

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श्री गोपाल तेल का प्रयोग कितने दिन करना चाहिए

श्री गोपाल तेल का प्रयोग डाक्टरी सलाह 3 से 4 महिने नियमित रुप से करना चाहिए आमतौर पर इसके रिजल्ट 1 से 3 हफते दे दिख जाते है। इस तेल का रिजल्ट प्रत्येक व्यक्ति की बिमारी की स्थिति और डोज पर निर्भर करता है।

श्री गोपाल तेल से जुडी सावधनियॉ

  • इसका इस्तेमाल हमेशा डाक्टरी सलाह से करे।
  • श्री गोपाल तेल का प्रयोग से पहले पैच टेस्ट जुरुर करे देखे की यह त्वचा पर जलन या लालिमा तो नही ला रहा है।
  • शरीर के नाजुक अंग जैसे आख और नाक मे जाने से बचाये
  • बच्चो की पहुच से दुर रखें।
  • खुल घावो और कटे फटे जगह पर प्रयोग से बचे

FAQ

श्री गोपाल तेल एक आयुर्वेदिक तेल है जिसके फायदो की बात करे तो यह पुरुषा मे होने वाले यौन समस्याओ जैसे प्रीमेच्योर इजेकुलेशन (शीघ्रपतन), इरेक्टाइल डिसफंक्शन(ढीलापन) , नपुन्सकता के ईलाज मे बेहद कारगर साबित होता है। यह शरीर मे तनाव को कम करता है काम इच्छा को बढ़ाता है,

श्री गोपाल तेल ऐमेजान,फिल्पकार्ट, और अन्य आनलाईन आउटलेट के अलावा व आफलाईन स्टोर मे भी मौजुद है।

श्री गोपाल तेल आयुर्वेदिक तेल है जिसके लाभ की बात करे तो ये यौनदुर्बलता को दुर करने, , तनाव को कम करने, शुक्राणुओ की सख्या को बढाने मे मदद करता है। इसके नियमित उपयोग से अच्छे रिजल्ट देखने को मिलते है।

निष्कर्ष

हैलो दोस्तो इस आर्टिकल मे हमने श्री गोपाल तेल लगाने का तरीका के बारे मे सम्पूर्ण जानकारी दी और यह भी जाना की इसके लाभ क्या है,इसका उपयोग कैसे करना है और इसकी सावधानिया क्या क्या है, यह आर्टिकल आपको कैसा लगा हमें कमेन्ट करके बताये और हमारे लिए कोई सुझाव हो तो हमशे जरुर शेयर करे।

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इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी भी दवा या उपाय को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें

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manforce gel use karne ka tarika – मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल के फायदे,हानि 2026

वर्तमान मे मैनफोर्स जेल मार्केट मे बेहद प्रसिद् है यह जैल पुरुषो के लिए बेहद लाभकारी है इसमे मौजुद विभिन्न प्रकार के तत्व टाईमिंग और यौन क्रिया को बढ़ाने मे काम आता है।

वर्तमान के समय मे पुरुषो मे कई प्रकार की यौन समस्याऐ होती है | जिस कारण वे यौन क्रिया का पूरा आनंद नहीं ले पाते हैं। इसमे मैनफोर्स जेल को प्रयोग बेहद कारगर है|

जिसका नियमित इस्तेमाल करने से यौन क्रिया का बेहतर लाभ उठाने मे मदद करता है। लेकिन मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल लगाने का तरीका , उपयोग और सावधानियॉ क्या बरतनी चाहिए,

इस आर्टिकल मे हम के बारे मे सम्पुर्ण जानकारी देंगें, जिससे पढ कर कई लोगो ने लाभ उठाया है।

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल के बारे मे जानकारी

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल लगाने का तरीका
मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल लगाने का तरीका
नाममैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल
कम्पनीमैनफोर्स
दवा के प्रकारजेल
उपयोगप्रीमेच्योर इजेकुलेशन , इरेक्टाइल डिसफंक्शन,
मात्रा8 GRAM
मुल्य380
मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल लगाने का तरीका

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल मे उपयोग सामग्री

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल मे प्रमुख रुप से 2 तरीके की सामग्री से मिलकर बनी होती है जोकि इस प्रकार है-

1. लिडोकेन Lidocaine 2.5%मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल मे लिडोकेन नाम का एक तत्व पाया जाता है जोकि सुन्नता पेैदा करता है
जिसके कारण प्रीमेच्योर इजेकुलेशन की समस्या से निजात प्राप्त होती है।
2.प्रिलोकेन Prilocaine 2.5% मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल मे प्रिलोकेन नाम का तत्व पाया जाता है जोकि दर्द को कम करने और जलन से राहत देने मे मदद करता है। यह जगह को सुन्न करने का भी काम करता है।

manforce gel use karne ka tarika | मैनफोर्स स्टे लांग जेल कैसे यूज़ करे इन हिंदी

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल को उपयोग बेहद सरल और आसान है इसके लिए कुछ स्टेप फोलो करे –

  • हाथो को साफ करे– जेल लगाने से पहले हाथो को पुरी तरीके से साबुन और पानी की मदद से धो ले।
  • यौन अंग की सफाई – यौन अंग को अच्छी तरीके से साफ करके पोछ करके सूखा ले।
  • जेल की जरुरी मात्रा मे लेना – मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल को जरुरत अनसार हाथ मे ले और हल्के हाथो लिंग के उपर को भाग को छोड कर सभी जगह लगाये, उपरी भाग पर भी लगा सकते है लेकिन कोशिश करे की मूत्रमार्ग के मुह मे ना जाये।
  • हल्के हाथो से मसाज के – लिंग को हल्के हाथो से 2 से 3 मिनट मसाज करे और अच्छी तरीके से अवशोषित होने दे
  • समय दे – मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल मसाज के बाद से 20 मिनट तक इन्तेजार करें, उसके बाद यौन क्रिया मे सामिल हो ।

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल किस तरीके से काम करता है ?

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल मे लिडोकेन नाम का तत्व पाया जाता है यह एक प्रकार के एनसथीसिया होता है जोकि हमारे यौन अंगो की सवेदनशीलता को कम कर देता है

जिसके कारण अंगो मे हल्की शिथिलता आ जाती है। जिसके कारण यौन अंग मे डिस्चार्ज की टाईमिंग बढ जाती है। और लम्बे समय तक यौन सम्बन्धो का आनन्द ले पाते है।

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मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल के फायदे | manforce gel uses in hindi

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल के निम्नलिखित फायदे है-

टाईमिंग मे वृद्धि करने मे सहायक

मैन फोर्स स्टेलॉन्ग जेल का प्रयोग प्रीमेच्योर इजेकुलेशन से परेशान लोगो के लिए बेहद उपयोगी है इसमे मौजुद लिडोकेन नाम का तत्व यौन अंगो को जल्दी शिथिलन से रोकता है। जिसके कारण यौन सम्बन्धो को ज्यादा देर तक आनन्द ले सकते है।

कामइच्छा को तीव्र करता है

मैन फोर्स स्टेलॉन्ग जेल शरीर मे कामइच्छा को बढ़ाता है,अक्सर सही खान पान ना करने एवं बचपन की खराब आदतो के कारण हमारी कामइच्छा मे कमी आ जाती है।

लेकिन मैन फोर्स स्टेलॉन्ग जेल का प्रयोग शरीर मे कामइच्छा का तीव्र करता है। और मुड का भी अच्छा बनाता है।

जल्दी असरकारक

मैन फोर्स स्टैलॉन्ग जैल सिर्फ 10 से 15 मिनट मे अपना असर दिखाना चालु कर देता है। यह जैल को त्वचा पर बहुत जल्दी समा जाता है जिसके कारण इसको लगाकर ज्यादा इन्तेजार करने की जरुररत नही पड़ती है।

इरेक्टाइल डिसफ़ंक्शन से निजात

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल मनुष्यो मे होने वाले इरेक्टाईल डिस्फन्क्शन की समस्या को दुर करने मे सहायता करता है। अक्सर गलत खानपान और अधिक मात्रा मे हस्तमैथुन के कारण जनांग मे डिलापन आ जाता है जिसके कारण यौन सम्बन्धो के समय जनांग मे उतना तनाव नही आ पाता है

जिसके कारण हमे यौन सुख का पुर्ण आनन्द नही ले पाते है लेकिन मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जैल का जनांग मे नसो के रक्त के प्रवाह को बढाता है। और यौन सम्बन्धो मे पुर्ण आनन्द देेन मे मदद करता है।

आत्म विश्वास बढ़ाता है।


मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल का प्रयोग पुरुषो मे आत्म विश्वास को बढ़ाने मे मदद करता है। यह आपके पार्टनर के साथ यौन सम्बन्धो मे मधुरता लाता है और आपकी कामइच्छा प्रदर्शन को भी बेहतर करता है जिसके कारण आपके अन्दर आत्म विश्वास बढ़ाता है।

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मैनफोर्स जेल  क्लिनिकली असरदार और भरोसेमन्द


मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल मे लिडोकेन,प्रिलोकेन दो प्रकार के तत्व से मिलकर बनी है जिसपे रैंडमाइज्ड ट्रायल्स और सिस्टेमेटिक रिव्यूज से यह पता चलता है कि यह ईजेकुलेशन की अवधि को 3 से 6 मिनट का बढ़ा सकती है।

लेकिन अधिक समय तक उपयोग मे यह जलन,असर का कम होना, जैसी साईड – इफेक्ट्स भी देखने को मिलते है। इसलिए इसके उपयोग के समय पैच टेस्ट जरुर कर ले।

मैनफोर्स जेल का असर कितनी देर रहता है?

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल का असर की बात करे तो इसका असर 45 मिनट से 1 घण्टे तक लास्ट करता है। हालाकि व्यक्ति व्यक्ति मे इसके प्रभाव अलग अलग हो सकता है।जिसमे 15 से 20 मिनट का फरक हो सकता है।

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल के नुकसान

प्रकृतिक तनाव मे कमी

– मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल का नियमित प्रयोग जनांग मे शिथिलता को बढ़ा देता है। जिसके कारण जनांग मे जो प्राकृतिक तनाव होता है उसमे कमी हो जाती है जिसके कारण गम्भीर परिमाण दे सकते है। इसके लिए एक नियमित मात्रा और डाक्टरी सलाह से इसका प्रयोग करना चाहिए

एलर्जी और जलन

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल का प्रयोग से पहले पैच टेस्ट जरुर करे देखे की कही जनांग पर एलर्जी और जलन तो नही हो रहा है। ऐसा होने पर तुरन्त इसका प्रयोग बन्द करे दे।


लम्बे समय से प्रयोग से बचे

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल का प्रयोग लम्बे समय तक प्रयोग से बचे। इसका प्रयोग 2 से 3 महीने और डाक्टरी सलाह से ना करें।

सक्रमण का खतरा

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल का प्रयोग हमेशा यौन अंग को अच्छी तरीके से साफ करके ही प्रयोग करे अन्यथा सक्रमण का खतरा बढ़ने का सम्भवना बनी रहती है।

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मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल की सावधानिया | manforce stay long gel uses and side effects in hindi

  • मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल का प्रयोग हमेशा डाक्टरी सलाह से करे।
  • इसके उपयोग के समय ध्यान रखे के यह आपके आखो, नाक और मुह मे ना जाये।
  • प्रयोग के बाद गौर करे देखे की कही आपको जलन और सुजन महसुस तो नही हो रही है ऐसा होने पर तुरन्त जेल का प्रयोग बन्द कर दे।
  • चोट और घाव की जगह पर इसका प्रयोग ना करे।
  • उपयोग से पहले पर्चे पर दिये गये निर्देशो यह इस आर्टिेकल को पुरा पढ़े।

FAQ

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल पुरुषो सेक्स समस्या जैसे कामइच्छा मे कमी,प्रिमिच्योर इजेकुलेशन की समस्या को खत्म करने मे मदद है इममे लिडोकेन नाम का तत्व पाया जाता है जोकी कामइच्छा मे डिस्चार्ज की टाईमिंग बढ जाती है। और लम्बे समय तक यौन सम्बन्धो का आनन्द ले पाते है।

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल कप उपयोग पुरी तरीके से सुरक्षित है अगर इसका प्रयोग डाक्टरी सलाह से और बताई गई मात्रा और अवधि मे ली जाये ता यह आपको अच्छे रिजल्ट दे सकती है।

मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल का असर करने मे 20 से 25 मिनट का समय लगता है

निष्कर्ष

मैनर्फार्स स्टेलान्ग जैल लाभ क्या, मैनफोर्स स्टेलॉन्ग जेल लगाने का तरीका,इसके लाभ, इसके साईडइफेक्ट क्या है इसके बारे मे जानकारी इस आर्टिकल मे दी गई, यह आर्टिकल आपको कैसा लगा हमे कमेन्ट करके जरुर बताये, हमारे लिए कोई सुझाव हो तो हमशे शेयर करें।